रविवार, 28 अप्रैल 2019

तर तर पसीना - डमरू

यह डमरू फ़िल्म का दूसरा सुपर डुपर हिट गाना हैं "तर तर पसीना " छूटता ये गाना डमरू फ़िल्म को काफी लोकप्रिय बनता हैं ये गाना जिस तरीके से फिल्माया हैं कोई भी बिना थिरके नही रह सकता हैं । गाने को स्वर दिया हैं खेसारीलाल यादव और ममता उपाध्याय ने और गाने को म्यूजिक फ़िल्म के निर्देशक रजनीश  मिश्रा ने दिया हैं और गाने को श्याम देहाती ने लिखा हैं यह गाना यूट्यूब पर अब कब 4 करोड़ 42 लाख 36 हजार 4 सौ 24 बार देखा जा चुका हैं इससे पता चलता हैं यह गाना फ़िल्म के लिए कितना महत्वपूर्ण हैं और फ़िल्म को कितना लोकप्रिय बनाया हैं।
गाने की शुरुआत में खेसारी लाल  विश्वामित्र की तरह  तपस्या करते नजर आ रहे हैं तो वही एक्ट्रेस यशिका कपूर ,तो इस फ़िल्म में गौरी का किरदार निभा रही हैं , रंभा की तरह उनकी तपस्या भंग करने की कोशिश करती दिख रही हैं । फ़िल्म के इस गाने के लिरिक्स की बात करे तो श्याम देहाती जी बहुत ही सुसज्जित ढंग से लिखा हैं

         तावा के जईसन तवल देहिया में,
         लभ के लावा फुटेला हो,
         तावा के जईसन तवल देहिया में ,
         लभ के लावा फुटेला हो....
         सटेलू पास साँस करेला सर - सर
         तर तर पसीना ना छुटेला हो..
         सटेलू पास साँस करेला सर - सर
         तर तर पसीना ना छुटेला हो..
         सटेलू पास साँस करेला सर - सर
जितना सुंदर  गाने रिलिक्स हैं उतना ही सुंदर गाने का म्यूजिक भी बनाया गया गाने का म्यूजिक भी इस गाने को लोकप्रिय बनाता हैं । गाने में डांस और रोमांस दर्शक को अपनी तरफ आकर्षित करता हैं । गाने की क्वालिटी की बात की जाए तो लाइट और इफेक्ट के माध्यम से सजाया गया हैं । फ़िल्म रिलीज होने से पहले गाने को यूट्यूब पर रिलीज कर दिया गया था ।  ताकि दर्शक ये गाना से अंदाजा लगा सके की फ़िल्म कैसी हैं  अगर देखा जाए तो ये गाना फ़िल्म को लोकप्रिय बनने में कभी सफल रही हैं।

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें